Tuesday, December 1, 2020

MODI MADARI.

मोदी मदारी। 

मोदी ओए, मदारिया ओए, तेरी बुद्धि को किया हो गया ओए ?

मेहंगियाँ  खुम्बां  खा खा करके, तू अति तमो गुनी और बेईमान, लालची, हो गया ओए। 

तुझे अम्बानी और अडानी में भगवान् नजर आते हैं ,

आम आदमी और किसान में तुझे  कीड़े मकोड़े नजर आते हैं। 

तू आरएसएस की डंडे चलाने वाले गुंडे आतंकवादियों  की यूनिवर्सिटी में पढ़ा है ,

तुझे आज कल के डिग्रियों वाले,पढ़े लिखे किसानों के पुत्र इंक़लाबी नौ जवान, आतंकी  नज़र आते हैं ।  

तूने देश का बेडा तो गरक कर ही दिया है, अब इनके इंक़लाब का मज़ा भी उठा ही ले,

तेरी बुद्धि तो भरष्ट हो ही गई है अब अपनी और आरएसएस/बीजेपी के जहनम को जाने का बिस्तर भी बाँध ही ले।    


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