Monday, November 23, 2020

PRAKRITI AUR ISKI SHUDHI.

प्रकृति और इसकी शुद्धि।
प्रकृति में हर मैटर,मॉलिक्यूल,एटम,इलेक्ट्रान,प्रोटोने, न्यूट्रॉन और फोटोन अपनी अपनी जगह में,अपने अटॉमिक वेट के आर्डर में विराजमान हैं। जब हम इनको इनकी स्थिर अवस्था से हिलाते या घूमते हैं तो यह डिस्टर्ब हो कर विवस्था को गन्दा कर देते हैं ,पर कुछ समां इनको रेस्ट में रखने से यह फिर अपनी नेचुरल शुद्ध अवस्था में आ जाते हैं। इसी शुद्धि की प्रकिरिया को आराम या मैडिटेशन का नाम दिया गया है।

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