बदलाव।
बदलाव कुदरत की सभ से बड़ी नवीनीकरण [ऐवोलुशन ] की किरिया है। पुराने से सबक ले कर,और उसे छोड़ कर जो पुरष नए को नहीं अपनाता वह निरंतर बदलते समें के साथ नहीं चल सकता और उस समें की मार झेलता है। पुराने रूहड़ीवादी विचारों के लोग हमेशा इस जीवन के सफर में पीछे लड़खडाते और पछताते देखे गए हैं। समें के बदलाव के साथ आगे बढ़ना अँधेरे/अगियानता से रौशनी/विज्ञान और ढेहराव/शान्ति/वैलनेस की तरफ जाने का सफर है।
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