कुदरत की साइंस।
सूर्य की रौशनी एक है [इक ऊँ कार],लेकिन धरती पर पानी और अट्मॉस्फेर में नमी यानि पानी के कण होने के कारन यह फिजिक्स के मुताबिक प्रिज्म का काम करते हैं जिस को अधयातम में मन भी कहा जाता है जो इस सूर्य की एक रौशनी को सात रंगों में परिवर्तित कर देता है और सात रंगों वाली पींघ बना देता है और पृथ्वी पर अलग अलग रंगों के फूल ऊगा देता है। हमारे अलग अलग विचार और धरम भी इन्हीं अलग अलग रंगों के कारन हैं जिन का कारन हमारा मन यानि पानी ही है। पानी यानि मन के पार आकाश में सभ एक है जिस को नानक ने वाहेगुरु, परमात्मा,भगवान् या गॉड कहा है ।
सूर्य की रौशनी एक है [इक ऊँ कार],लेकिन धरती पर पानी और अट्मॉस्फेर में नमी यानि पानी के कण होने के कारन यह फिजिक्स के मुताबिक प्रिज्म का काम करते हैं जिस को अधयातम में मन भी कहा जाता है जो इस सूर्य की एक रौशनी को सात रंगों में परिवर्तित कर देता है और सात रंगों वाली पींघ बना देता है और पृथ्वी पर अलग अलग रंगों के फूल ऊगा देता है। हमारे अलग अलग विचार और धरम भी इन्हीं अलग अलग रंगों के कारन हैं जिन का कारन हमारा मन यानि पानी ही है। पानी यानि मन के पार आकाश में सभ एक है जिस को नानक ने वाहेगुरु, परमात्मा,भगवान् या गॉड कहा है ।
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