यह माटी के माधो ।
ओ बीजेपी वालो,माटी के माधो,
तुम माटी में ही मिलने योग्य हो ।
तुम में सूख्श्म चेतना,और आत्मा मर चुकी है ,
तुम अब इस जाग्रत से ही जाने वाले हो ।
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ओ बीजेपी वालो,माटी के माधो,
तुम माटी में ही मिलने योग्य हो ।
तुम में सूख्श्म चेतना,और आत्मा मर चुकी है ,
तुम अब इस जाग्रत से ही जाने वाले हो ।
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